कोसी और भागलपुर की लाइफलाइन कहे जाने वाले विक्रमशिला सेतु के 29 तारीख से बंद होने की खबर से व्यवसायियों में हड़कंप। समाजसेवी विशाल आनंद ने मुख्यमंत्री और पथ निर्माण मंत्री से की भावुक अपील।
न्यूज स्कैन ब्यूरो, भागलपुर
आगामी 29 तारीख से भागलपुर का लाइफलाइन कहा जाने वाला विक्रमशिला सेतु मरम्मत कार्य के लिए अस्थायी रूप से बंद किया जा रहा है। इस फैसले ने भागलपुर, नवगछिया और कोशी-सीमांचल क्षेत्र के लोगों और व्यवसायियों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। आगामी त्योहारी मौसम को देखते हुए सेतु को बंद करने के इस निर्णय को पूर्वी बिहार के लिए किसी बड़े झटके और वज्रपात के रूप में देखा जा रहा है।
इस गंभीर मुद्दे पर भागलपुर के प्रमुख समाजसेवी विशाल आनंद ने चिंता व्यक्त करते हुए सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। अपने बयान में उन्होंने कहा कि आने वाले समय में कई बड़े त्योहार हैं, जो इस क्षेत्र के व्यापार का मुख्य आधार होते हैं। ऐसे में आवागमन बाधित होने से पूर्वी बिहार की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से चरमरा जाएगी। किसानों से लेकर छोटे-बड़े व्यापारियों तक, हर वर्ग इससे बुरी तरह प्रभावित होगा।
मंत्री और मुख्यमंत्री से की मार्मिक अपील
समाजसेवी विशाल आनंद ने राज्य सरकार से जनहित में इस फैसले पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया है। उन्होंने सूबे के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेन्द्र से विशेष अपील करते हुए कहा है कि इस मरम्मत कार्य को फिलहाल टाल दिया जाए।
उन्होंने कहा, “आदरणीय बड़े भाई और अभिभावक पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर शैलेन्द्र जी एवं सूबे के मुख्यमंत्री श्रीमान सम्राट चौधरी जी से मेरा आग्रह है कि विक्रमशिला सेतु के मरम्मत कार्य को त्योहारों के बाद तक के लिए स्थगित किया जाए।” अपनी बात को समाप्त करते हुए उन्होंने स्थानीय जनभावनाओं को स्वर देते हुए भावुक लहजे में कहा- “बाकी जाने महादेव।”
अब देखना यह है कि भागलपुर और कोसी क्षेत्र की जनता और व्यापारियों की इस मांग पर बिहार सरकार और संबंधित विभाग क्या कदम उठाते हैं। त्योहारी सीजन से पहले अगर यह मरम्मत कार्य नहीं टाला गया, तो यकीनन पूर्वी बिहार को एक बड़े आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।
































