न्यूज स्कैन ब्यूरो, सुपौल
संविधान दिवस के अवसर पर बबुजन विशेश्वर बालिका उच्च माध्यमिक (+2) विद्यालय सुपौल में विभिन्न तरह के कार्यक्रम आयोजित किया गया। विद्यालय के विशिष्ट शिक्षक डा रणधीर कुमार राणा ने देश के संविधान और उसके मूल्यों की रक्षा के लिए संविधान के प्रस्तावना की सभी छात्रों और शिक्षकों को शपथ दिलाया। डा. राणा ने कहा की यह दिन 26 नवंबर को मनाया जाता है, जब भारतीय संविधान को 1949 में अपनाया गया था। इस अवसर पर, देश भर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनमें निम्नलिखित चीजें शामिल हैं….
- संविधान की प्रस्तावना का पाठ स्कूलों और सरकारी संस्थानों में संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक पाठ किया जाता है।
विचार गोष्ठी और सेमिनार
विशेषज्ञों द्वारा संविधान के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की जाती है। - प्रतियोगिताएं: निबंध लेखन, प्रश्नोत्तरी, चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित की जाती हैं।
- सांस्कृतिक कार्यक्रम: संविधान के मूल्यों और महत्व को दर्शाने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाते हैं।
- डिजिटल लॉन्च: संविधान के डिजिटल संस्करणों का विमोचन किया जाता है, जैसे कि इस वर्ष 9 भाषाओं में संविधान का डिजिटल संस्करण लॉन्च किया गया है।
- पुरस्कार और सम्मान*: संविधान के प्रति योगदान देने वाले व्यक्तियों और संस्थानों को पुरस्कृत किया जाता है। राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री सहित देश के शीर्ष नेता संविधान दिवस पर विशेष समारोहों में भाग लेते हैं और संविधान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करते हैं। इस वर्ष का थीम हमारा संविधान – हमारा स्वाभिमान” है, जो संविधान के प्रति गर्व और सम्मान की भावना को बढ़ावा देता है।
डा रणधीर राणा ने बताया की इसी के आलोक में विद्यालय के छात्राओं द्वारा संविधान दिवस के अवसर पर स्कूलों में संविधान की प्रस्तावना का पाठ, सेमिनार, निबंध लेखन, चित्रकला, प्रतियोगिता इत्यादि गतिविधियाँ आयोजित की गई। डा राणा ने कहा की संविधान के मौलिक कर्तव्य और बंधुत्व एक ऐसा मूल्य हैं जो। हमारे देश की एकता और अखंडता को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं

































