इंजेक्शन लगने के कुछ ही देर बाद महिला की मौत, परिजनों का हंगामा; फर्जी अस्पताल सील, डॉक्टर गिरफ्तार

न्यूज स्कैन ब्यूरो, कैमूर

कैमूर जिले के रामगढ़ नगर क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां कथित रूप से संचालित एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया, जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया और अस्पताल को सील कर दिया गया। पुलिस ने मामले में अस्पताल चला रहे डॉक्टर को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के अनुसार, मोहनिया थाना क्षेत्र के दिया गांव निवासी धर्मेंद्र पासवान की पत्नी रूबी देवी की तबीयत सोमवार देर रात अचानक बिगड़ गई। परिजन उन्हें इलाज के लिए रामगढ़ थाना क्षेत्र के गोड़सरा गांव में एक निजी मकान में चल रहे अस्पताल में लेकर पहुंचे।
परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में मौजूद डॉक्टर ने महिला को इंजेक्शन लगाया, जिसके कुछ ही देर बाद उसकी तबीयत और बिगड़ गई। देखते ही देखते महिला की मौत हो गई। महिला की मौत की खबर फैलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही रामगढ़ थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भभुआ भेज दिया।

इधर घटना की जानकारी मिलने पर रामगढ़ प्रखंड विकास पदाधिकारी जितेंद्र कुमार भी मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान पाया गया कि गोड़सरा गांव में एक निजी मकान में बिना किसी वैध अनुमति के अस्पताल संचालित किया जा रहा था। इसके बाद प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए अस्पताल को सील कर दिया।
मामले में पुलिस ने अस्पताल चला रहे डॉक्टर अरुण शर्मा को गिरफ्तार कर लिया है, जो गोड़सरा गांव के ही निवासी बताए जा रहे हैं। रामगढ़ थाना अध्यक्ष हरिप्रसाद शर्मा ने फोन पर डॉक्टर की गिरफ्तारी की पुष्टि की है।
प्रखंड विकास पदाधिकारी जितेंद्र कुमार ने बताया कि गोड़सरा गांव में फर्जी तरीके से अस्पताल संचालित किया जा रहा था। इलाज के दौरान महिला की मौत के बाद अस्पताल को सील कर दिया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।