सदर अस्पताल में खुलेआम वसूली! फिटनेस सर्टिफिकेट के लिए शिक्षकों से वसूले जा रहे 500 रुपये

वायरल वीडियो ने किया पर्दाफाश — गार्ड ने ली रिश्वत, सवालों के घेरे में अस्पताल प्रशासन कि आखिर गार्ड किसके लिए पैसे ले रहा था

न्यूज स्कैन, खगड़िया

जिले के सबसे बड़े सरकारी सदर अस्पताल में खुलेआम वसूली की जा रही है। एक वीडियो वायरल हुआ है। वीडियों में अस्पताल के गार्ड कुछ लोगों से एक फॉर्म रिसीव कर प्रत्येक पांच-पांच सौ रुपये की वसूली कर रहे हैं। यह वीडियो मंगलवार का बताया जा रहा है। दरअसल जिले के सभी स्कूलों में स्कूल प्रधान को पदस्थापित किया जा रहा है। इसके लिए विभाग ने सरकारी अस्पताल से फिटनेस सर्टिफिकेट बनाकर जमा करने की बात कही है। वीडियों में जो लोग फॉर्म गार्ड के पास जमा कर रहे हैं वे प्रधान शिक्षक हैं। ये शिक्षक फॉर्म के साथ 500 रुपये गार्ड के हाथों में दे रहे हैं। ऐसे में सवाल यह उठ रहा है कि अस्पताल का गार्ड किसके इशारे पर खुलेआम वसूली कर रहा है। हालांकि वीडियो वायरल होने के बाद जब “The News Scan” ने सीएस डॉ. संजीव कुमार से इस पूरे मामले पर जानकारी मांगा तो उन्होंने कहा कि मीटिंग में हूं, बात में बात करें।

15 दिनों के अंदर देना है फिटनेस सर्टिफिकेट

बता दें कि स्कूलों में जितने भी प्रधानाध्यपक योगदान करेंगे उनको नियुक्ति पत्र के अनुसार 15 दिनों के भीतर फिटनेस सर्टिफिकेट जमा करना है। जिला शिक्षा पदाधिकारी अमरेन्द्र कुमार गोंड ने बताया कि यह सर्टिफिकेट स्वास्थ्य विभाग को देना है। इसमें हमारा कोई हस्तक्षेप नहीं है। इसका संज्ञान अस्पताल प्रशासन को लेना चाहिए। मेरे पास अगर कोई मामला आएगा तो जिलाधिकारी के समक्ष रखूंगा।

डॉक्टरों से लेकर स्टाफ की होती है मिलीभगत

अस्पताल के गार्ड के रुपये वसूली के वीडियो वायरल होने के बाद सदर अस्पताल के एक कर्मी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर कहा कि सर्टिफिकेट के लिए जो भी रुपये वसूले जाते हैं उनमें संबंधित डॉक्टर और स्टाफ की भागेदारी होती है। बताया गया कि अभी शिक्षकों को फिटनेस सर्टिफिकेट बनाने के लिए गार्ड के द्वारा रुपये लिये जा रहे हैं। आम दिनों में भी कोई भी सर्टिफिकेट बिना रुपये दिये लोगों को बनवाना संभव नहीं होता है।