न्यूज स्कैन रिपाेर्टर, भागलपुर
सांस्कृतिक समन्वय समिति, भागलपुर की एक महत्वपूर्ण बैठक कला केंद्र, भागलपुर में संपन्न हुई। बैठक में आगामी 1 जनवरी 2026 को आयोजित होने वाले “नव वर्ष सांस्कृतिक मेला 2026” की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ संस्कृतिकर्मी प्रकाश चंद्र गुप्ता ने की।
अध्यक्षीय संबोधन में प्रकाश चंद्र गुप्ता ने कहा कि नव वर्ष के नाम पर होने वाले हुड़दंग, नशाखोरी और अपसंस्कृतिक गतिविधियों के विरुद्ध यह सांस्कृतिक मेला संस्कृतिकर्मियों की सशक्त पहल है। उन्होंने बताया कि यह आयोजन अपने 35वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है और कोविड काल के दो वर्षों को छोड़कर लगातार आयोजित होता आ रहा है। पिछले तीन वर्षों से यह मेला नियमित रूप से कला केंद्र, भागलपुर में संपन्न हो रहा है।
संस्कृतिकर्मी उदय ने जानकारी दी कि इस वर्ष भी मेला बहुरंगी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से सुसज्जित रहेगा। बिहार बंगाली समिति द्वारा रवींद्र संगीत की प्रस्तुति दी जाएगी, वहीं अन्य सांस्कृतिक समूहों द्वारा अंगिका लोकगीत, शास्त्रीय नृत्य, लोक नृत्य, नाटक, कविता पाठ, मुशायरा के साथ-साथ चित्र, पुस्तक एवं फोटो प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा।
मेला संयोजक राहुल ने बताया कि मेले की सभी तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। महिलाओं और बच्चों की भागीदारी को लेकर खास उत्साह देखा जा रहा है। बच्चों के लिए साझी संस्कृति और राष्ट्रीय एकता पर आधारित पेंटिंग प्रतियोगिता, देशभक्ति गीत प्रतियोगिता तथा मंजूषा चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन निशुल्क किया जाएगा। ये प्रतियोगिताएं सुबह 11 बजे से प्रारंभ होंगी। बच्चों के मनोरंजन हेतु झूले सहित अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी।
इसके अतिरिक्त कला केंद्र, भागलपुर द्वारा महिला हिंसा विषय पर केंद्रित पेंटिंग व पोस्टर प्रदर्शनी, गांधी फोटो प्रदर्शनी, मंजूषा चित्र प्रदर्शनी, पुस्तक प्रदर्शनी सह बिक्री केंद्र तथा स्वास्थ्य स्टॉल भी मेले का आकर्षण होंगे।
बैठक में डॉ. योगेंद्र ने सांस्कृतिक मेले को और समृद्ध बनाने पर बल देते हुए कहा कि प्रशासनिक सहयोग चाहे जैसा हो, भागलपुर के संस्कृतिकर्मियों की यह जिम्मेदारी है कि वे साझी संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए प्रतिबद्ध होकर कार्य करें। कविता और मुशायरा जैसी विधाएं भागलपुर की सांस्कृतिक विरासत को मजबूती प्रदान करती हैं।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि 31 दिसंबर को वर्षांत समारोह के अवसर पर सामाजिक-सांस्कृतिक संगठनों द्वारा वर्ष 2025 की समीक्षात्मक चर्चा आयोजित की जाएगी।
बैठक में उज्ज्वल कुमार घोष, प्रकाश चंद्र गुप्ता, डॉ. योगेंद्र, डॉ. अलका, उदय, मनोज कुमार, तक़ी अहमद जावेद, महबूब आलम, मुकेश कुमार सिंह, जयप्रकाश कुमार, आर. बी. पांडे, इकराम हुसैन साद, संजय कुमार, अर्जुन शर्मा, निखिल पांडे, श्वेता भारती, संजीव कुमार दीपू, राजेश कुमार झा, चंदन कुमार राय, मृदुल सिंह, भरत सहित बड़ी संख्या में संस्कृतिकर्मी उपस्थित रहे।

































