न्यूज स्कैन ब्यूरो, कैमूर
पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता आनंद भूषण पांडेय की 8वीं पुण्यतिथि लिच्छवी भवन में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में एनडीए के कई वरिष्ठ नेता, जनप्रतिनिधि, विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारी और समाजसेवी बड़ी संख्या में शामिल हुए।
पुण्यतिथि कार्यक्रम में लोजपा के प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी, बिहार सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री जमा खान, भभुआ विधायक भरत बिंद, मोहनियां विधायक संगीता कुमारी समेत कई अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। सभी नेताओं ने दिवंगत विधायक के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें याद किया।
प्रतिमा स्थापना की मांग पर फिर उठा सवाल
कार्यक्रम में एक बार फिर यह मुद्दा उभरा कि दिवंगत विधायक आनंद भूषण पांडेय की प्रतिमा अब तक भभुआ में स्थापित नहीं की गई है। हर वर्ष होने वाले पुण्यतिथि आयोजन में प्रतिमा लगाने की मांग तेज होती है, लेकिन आठ वर्ष बाद भी यह मांग अधूरी है।
भाजपा नेता शिवेश राम ने कहा कि “भाजपा ने एक कर्मठ, समर्पित और जुझारू सिपाही खो दिया। पार्टी आज भी उनके परिवार के हर सुख-दुख में साथ है। बहुत जल्द विधायक जी की प्रतिमा भभुआ में लगाने की पहल की जाएगी।” हालांकि 2025 में उनकी पत्नी रिंकी रानी पांडेय का टिकट काटने के सवाल पर वे गोलमोल जवाब देते दिखे।
राजनीतिक सफर और परिवार की स्थिति
गौरतलब है कि आनंद भूषण पांडेय ने 2015 में पहली बार भभुआ सीट पर भाजपा को जीत दिलाई थी। 30 नवंबर 2017 को उनके निधन के बाद हुए उपचुनाव में उनकी पत्नी रिंकी रानी पांडेय भाजपा प्रत्याशी बनीं और जीत हासिल की।
वर्ष 2020 विधानसभा चुनाव में रिंकी रानी पांडेय दूसरी स्थान पर रहीं, जबकि 2025 में भाजपा ने उनका टिकट काटकर राजद से भाजपा में आए भरत बिंद को उम्मीदवार बनाया, जिन्होंने जीत दर्ज की।
रिंकी रानी पांडेय ने जताया आभार
पूर्व विधायक रिंकी रानी पांडेय ने कहा—“आज मेरे पति की आठवीं पुण्यतिथि है। भभुआ में अब तक उनकी प्रतिमा नहीं लगाई जा सकी, लेकिन आशा है कि जल्द यह कार्य पूरा होगा। कार्यक्रम में आने वाले सभी अतिथियों और समर्थकों का हृदय से आभार।”

































