न्यूज स्कैन ब्यूरो, सुपौल/ राघोपुर
जिले के राघोपुर प्रखंड क्षेत्र के सिमराही शांति नगर में नौ दिवसीय रामकथा का पूर्ण आरती के साथ समापन हो गया। यह रामकथा राजस्थान के जोधपुर से आए मानस वक्ता संत श्री मुरलीधर जी महाराज के श्रीमुख से आयोजित की गई थी।
रामकथा के नवम और अंतिम दिवस पर व्यास पीठ पर विराजित संत श्री मुरलीधर जी महाराज ने हनुमान जी द्वारा अशोक वाटिका में सीता माता को मुद्रिका देने का प्रसंग सुनाया। उन्होंने हनुमान जी द्वारा सीता जी को राम कथा सुनाने और उनके मिलन व परिचय का वर्णन भावपूर्ण तरीके से श्रोताओं के समक्ष प्रस्तुत किया।
इसके बाद, महाराज जी ने हनुमान जी द्वारा अशोक वाटिका को उजाड़ने, अक्षय कुमार का वध करने और मेघनाद द्वारा ब्रह्मास्त्र में बांधे जाने के प्रसंग का वर्णन किया। इस अवसर पर गाए गए भजन “हारे वानर बांको रे” पर श्रोतागण झूम उठे।
संत मुरलीधर जी ने संक्षेप में श्रीराम द्वारा सेतुबंध बनाकर लंका पहुंचने, रावण का वध करने और माता जानकी को लेकर अयोध्या लौटने का प्रसंग भी सुनाया। तत्पश्चात, उन्होंने प्रभु श्री राम के राजतिलक और इस अवसर पर अयोध्या में व्याप्त खुशी के माहौल को भजनों के माध्यम से प्रस्तुत किया। कथा स्थल पर भक्तों की सुविधा के लिए पार्किंग, पेयजल, शौचालय, प्रसाद काउंटर, पुस्तक स्टॉल, बिजली व्यवस्था और सहायता कक्ष जैसी व्यवस्थाएं की गई हैं।इस अवसर पर गोविंद पंसारी, नीरज पंसारी, सचिन पंसारी, राजीव जयसवाल, सुशील कुमार सोमानी, कृष्णा सोमानी, अक्षय कुमार, राहुल पंसारी, कृष्णा सिंह, प्रह्लाद कुमार सिंह, सोनू झा, अमित पंसारी, गोपाल पंसारी, सोनू पंसारी, रिंकू भगत, जानकारी दवी, घनश्याम गुप्ता, ईश्वरीय विश्वविद्यालय सिमराही प्रभारी राजयोगी ब्रह्मकुमारी बबीता दीदी, कुंदन चौधरी, महावीर पंसारी, हर्ष पंसारी, ओमप्रकाश सिंह, देव आदित्य सेन, रोहित सहित हजारों श्रद्धालु उपस्थित थे।



























