सुपौल में शांतिपूर्ण मतदान, सुबह से लगी लंबी कतार, डीएम सावन कुमार ने भी किया मतदान, लोगों से बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील

विनय कुमार मिश्र, सुपौल
लोकतंत्र के महापर्व में अपनी भागीदारी निभाने के लिए मंगलवार की सुबह से ही सुपौल जिले के विभिन्न मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें लग गईं। सुबह सात बजे से ही लोग अपने-अपने मतदान केंद्रों पर पहुँचने लगे और लाइनों में लगकर अपनी बारी का इंतज़ार करते नज़र आए।
बिहार विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के तहत सुपौल जिले की सभी पाँच विधानसभा सीटों—निर्मली, सुपौल, पिपरा, त्रिवेणीगंज और छातापुर—में मतदान की प्रक्रिया सुबह सात बजे से शुरू हुई। जिला प्रशासन के अनुसार जिले भर में कुल 1880 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जहाँ 15 लाख 39 हज़ार 242 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं।
जिले के पाँचों विधानसभा क्षेत्रों से कुल 48 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। आज के मतदान के माध्यम से मतदाता उनके राजनीतिक भविष्य का फैसला करेंगे।
सुबह नौ बजे तक मतदान की गति संतोषजनक रही और 15 प्रतिशत वोटिंग पूरी हो चुकी थी। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरी इलाकों तक मतदान केंद्रों पर उत्साह का माहौल देखा गया, खासकर युवाओं और महिला मतदाताओं में भारी जोश दिखाई दिया।

डीएम सावन कुमार ने किया मतदान
जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिला पदाधिकारी सावन कुमार ने भी मतदान केंद्र पर जाकर अपना वोट डाला। उन्होंने कतार में लगकर मतदान किया और मतदाताओं से अपील की कि वे निर्भय होकर लोकतंत्र के इस पर्व में हिस्सा लें।
डीएम ने कहा, “हर वोट कीमती है। सभी मतदाता निडर होकर मतदान केंद्र पहुँचें और अपने मताधिकार का प्रयोग करें।”
सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद
शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम किए हैं। हर मतदान केंद्र पर पुलिस बल और पारा मिलिट्री फोर्स की तैनाती की गई है।
जिले के शीर्ष अधिकारी लगातार विभिन्न मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं ताकि मतदान प्रक्रिया सुचारू रूप से संपन्न हो सके।
प्रमुख हस्तियों ने भी डाला वोट
सुपौल विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ रहे मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और पूर्व केंद्रीय मंत्री सैयद शाहनवाज हुसैन ने भी अपने-अपने मतदान केंद्रों पर पहुँचकर वोट डाला।
सुपौल में अब तक मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से जारी है और प्रशासन उम्मीद कर रहा है कि दिनभर में मतदान प्रतिशत में और वृद्धि होगी।