- विधानसभा में कहलगांव से जुड़े गंभीर जनहित मुद्दों की गूंज
न्यूज स्कैन रिपाेर्टर, भागलपुर
बिहार विधानसभा के आज के सत्र में कहलगांव विधानसभा क्षेत्र से जुड़े कई गंभीर, तात्कालिक और जनहित से संबंधित मुद्दे विधायक शुभानंद मुकेश ने नियमों के तहत सदन में मजबूती से उठाए। उन्होंने शून्यकाल, ध्यानाकर्षण सूचना, तारांकित प्रश्न और निवेदन के माध्यम से क्षेत्र की ज्वलंत समस्याओं पर सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया। शून्यकाल के दौरान विधायक ने भागलपुर जिले के रसूलपुर थाना क्षेत्र से दो नाबालिग छात्राओं के लापता होने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि प्राथमिकी दर्ज होने के बावजूद अब तक छात्राओं की बरामदगी नहीं होना अत्यंत चिंताजनक है। विधायक ने सरकार से विशेष जांच दल (SIT) गठित कर छात्राओं की शीघ्र एवं सुरक्षित बरामदगी सुनिश्चित करने की मांग की।ध्यानाकर्षण सूचना के माध्यम से उन्होंने भागलपुर जिले में तेजी से बढ़ रहे कैंसर रोग, विशेषकर मुख, स्तन एवं सर्वाइकल कैंसर की भयावह स्थिति की ओर सदन का ध्यान दिलाया। उन्होंने कहा कि जिले में अब तक समर्पित कैंसर अस्पताल, नियमित स्क्रीनिंग, प्रारंभिक जांच तथा पॉलिएटिव केयर की स्थायी व्यवस्था का अभाव है। इसे गंभीर जनस्वास्थ्य संकट बताते हुए विधायक ने कहलगांव में एक समर्पित कैंसर अस्पताल की स्थापना की मांग की।तारांकित प्रश्न के जरिए विधायक शुभानंद मुकेश ने कहलगांव स्थित बटेश्वर स्थान एवं उत्तरवाहिनी गंगा तट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और विदेशी पर्यटकों की बढ़ती आमद को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग रखी। उन्होंने पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक स्थायी पर्यटन पुलिस चौकी (Tourist Police Outpost) की स्थापना को आवश्यक बताया।इसके अतिरिक्त, निवेदन के माध्यम से उन्होंने एनएच-80 पर स्थित कहलगांव में जल संसाधन विभाग के जर्जर सेवा पथ के पुनर्निर्माण की मांग की। उन्होंने कहा कि खराब सड़क के कारण आम जनता, विभागीय कर्मियों और जनप्रतिनिधियों को आए दिन दुर्घटनाओं का सामना करना पड़ रहा है।वहीं, थाना भवन निर्माण से संबंधित प्रश्न के माध्यम से विधायक ने सन्हौला थाना के पुराने और जर्जर भवन को आधुनिक सुविधाओं से युक्त नए थाना भवन से प्रतिस्थापित करने की मांग की, ताकि पुलिस व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ किया जा सके। विधायक शुभानंद मुकेश ने कहा कि “कहलगांव क्षेत्र की जनता की सुरक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण मेरी सर्वोच्च प्राथमिकता है। इन मुद्दों पर सरकार को ठोस और त्वरित कदम उठाने चाहिए।”


























