आज से सभी प्रकार के शुभ लग्न प्रारंभ :आचार्य धर्मेंद्रनाथ मिश्र

न्यूज स्कैन ब्यूरो,सुपौल

चातुर्मास विश्राम के उपरांत जब देवोत्थान एकादशी होती है तभी से मिथिला में सभी प्रकार के शुभ लग्न जैसे विवाह, उपनयन, मुंडन, गृहारंभ, गृहप्रवेश के साथ साथ देवादि प्रतिष्ठा मुहूर्त प्रारंभ हो जाते हैं। लग्न मुहूर्त निम्नांकित है –विवाह मुहूर्त नवंबर – 20,21,23,24,26,27,30 ।
दिसंबर – 1,4,5 ।
जनवरी – 29 । फरवरी –5,6,8,15,19,20,22,25,26 । मार्च –4,9,11,13 । अप्रैल –17,20,26,30 । मई –1,6,8, 10और 13 । जून 19,24,25,26,28,29 तथा जुलाई में – 1,2,3,6,9,12 तक विवाह का शुभ मुहूर्त है।
उपनयन का शुभ मुहूर्त –जनवरी – 29 को फरवरी में 22,26,27 को मार्च में –27 ,29(छतरिय एवं वैश्य के लिए) अप्रैल में 21 को तथा जून में –17,19,24 एवं 25 को है।
मुंडन का शुभ मुहूर्त नंबर में 21,27 । दिसंबर में 1 को, जनवरी में 21,23,28 और 29 को फरबरी में 6,20, 26और 27 को। मार्च में 5 एवं 6को अप्रैल में 20, 23एवं 29 को।मई में 4 को जून में 17,24,25 तथा जुलाई में 1,2, 3एवं 15 तक मुंडन का शुभ मुहूर्त है। गृहारंभ का मुहूर्त इस वार दिसंबर में 1,4 को तथा जनवरी में 29 को। फरबरी में 27,28 , मार्च में 4,5,6, अप्रैल में नहीं है मई में 1,4,6 को जून में 25,29, तथा जुलाई में 1,2,3 एवं 4 तक ही गृहारंभ मुहूर्त हैं।
गृहप्रवेश का मुहूर्त इस वार नवंबर में 1,3,26,27 को एवं 1 दिसंबर को। जनवरी में 28,29,30 ।
फरवरी में 25,26,27,28। मार्च में नहीं है पुनः अप्रैल में 23,27, 29एवं 30 को और 24,25,26,27 जून तक ही गृहप्रवेश का मुहूर्त है।
द्विरागमन का मुहूर्त इस वार नंबर में 21,,23,24,26,27, 28को
दिसंबर में 1,4,5,7,8 को
फरबरी में 18,19,20,22,25,26,27 को मार्च में 1,4,5,6,8 को अप्रैल में 20,23,24,30 तथा 1,3,4 और 6 मई तक है।
इस वार 3 मार्च 2026 को चंद्र ग्रहण का भी योग है।