न्यूज स्कैन ब्यूरो, सुपौल
जिले में मैट्रिक परीक्षा के लिए 40 केंद्र बनाए गए हैं। जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) संग्राम सिंह ने सोमवार को मैट्रिक परीक्षा केंद्र की तैयारी का जायजा लिया। उन्होंने केंद्राधीक्षक को मैट्रिक परीक्षा के कदाचारमुक्त और सफल संचालन के लिए जरूरी निर्देश दिए। डीईओ ने पथरा मध्य विद्यालय, सुपौल उच्च माध्यमिक विद्यालय, किशनपुर हाईस्कूल, सिसौनी मध्य विद्यालय सहित अन्य मैट्रिक परीक्षा केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने मैट्रिक परीक्षा में परीक्षार्थी को आधा घंटा पूर्व सघन जांच कर प्रवेश कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जांच के बाद रोल संख्या के मुताबिक परीक्षार्थियों को हॉल में भेजा जाए। प्रवेश के समय देखना जरूरी है कि परीक्षार्थी अपने साथ नकल के लिए कोई सामग्री, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, मोबाइल नहीं ले जाए । उन्होंने परीक्षार्थीयों के जांच में वीक्षक को भी लगाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रवेश के वक्त मुख्य गेट पर अनावश्यक भीड़ जमा नहीं रहना चाहिए।परीक्षार्थी को जांच के बाद तेजी से परीक्षा हॉल में भेजने की व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए कहा है। परीक्षा केंद्र की कमरा और शौचालय की साफ-सफाई नियमित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पहली पाली की परीक्षा समाप्त होने के बाद और दूसरी पाली के परीक्षा शुरू होने से पूर्व तेजी से परीक्षा हॉल, कमरा व शौचालय की साफ सफाई हो जाए। परीक्षा भवन व कमरा में दीवार घड़ी बंद नहीं रहना चाहिए। स्टेनो सरवर आलम ने बताया कि जिले में मंगलवार से शुरू हो रहे मैट्रिक परीक्षा में कुल 40 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। सुपौल अनुमंडल में 18, वीरपुर अनुमंडल में 11, त्रिवेणीगंज अनुमंडल में 6 और निर्मली अनुमंडल में 5 परीक्षा केंद्र हैं। उन्होंने कहा कि कदाचाचार मुक्त परीक्षा संचालन के लिए सभी आवश्यक प्रशासनिक तैयारी पूरी कर ली गई है।


























